कोरबा 02मार्च 2025 : छत्तीसगढ़ के कोरबा में चुनाव से पहले लापता ग्रामीण का नर कंकाल जंगल में खेत के बीच मिला है। मामला उरगा थाना क्षेत्र के साजापानी गांव का है। शव के टुकड़े अलग-अलग स्थानों पर बिखरे मिले, जबकि पास रखे पैरा में खून के निशान भी पाए गए। पुलिस ने मृतक की पहचान बुधवार सिंह (40) पिता साहेततर मांझी के रूप में की है, जो पंचायत चुनाव से एक दिन पहले 22 फरवरी को लापता हो गया था। ग्रामीण की हत्या हुई है या किसी हादसे में मौत हुई है, पुलिस इसकी जांच में जुटी हुई है।
जानकारी के मुताबिक बुधवार सिंह मजदूरी करता था और नशे का आदी था। उसकी पहली पत्नी की मृत्यु हो चुकी थी और उससे एक बेटा है, जो मजदूरी के लिए बाहर गया हुआ है। दूसरी पत्नी दो महीने पहले उसे छोड़कर चली गई थी, जिससे वह अकेले रह रहा था। गांव के ठंडाराम नाम के चरवाहे ने खेत में नर कंकाल देखा, लेकिन गांव चले जाने के कारण वह तत्काल सूचना नहीं दे सका। शनिवार को लौटने के बाद उसने मृतक के भतीजे शोभाराम को इसकी जानकारी दी। शोभाराम ने जब मौके पर जाकर देखा, तो उसने तुरंत गांव के कोटवार जगमोहन को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस को जानकारी दी गई।
उरगा थाना प्रभारी युवराज तिवारी ने बताया कि सूचना मिलते ही शनिवार की शाम पुलिस मौके पर पहुंची और जांच के लिए फोरेंसिक एक्सपर्ट को बुलाया गया। एसपी और सीएसपी कोरबा भी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। शव की पहचान कपड़ों के आधार पर करवाई गई है। घटनास्थल पर मिले सबूतों से मामला संदिग्ध लग रहा है। शव के टुकड़े अलग-अलग जगह पाए जाने और पास में खून के निशान मिलने से पुलिस हत्या की आशंका से इनकार नहीं कर रही है। फिलहाल पुलिस मामले की तहकीकात में जुटी है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा।
